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शब्द आओ मेरे पास,जो बुलायें, जाओ उनके पास भी
Monday, 1 July 2013
बांग्ला साहित्य जगत
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कांचनमाला पुरातन बांग्ला की उपलब्ध रचनाओं में हरप्रसाद शास्त्री के 47 चर्यापद विशेष महत्व रखते हैं। ये प्राय: आठ पंक्तियों के रहस्यमय गी...
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मराठी साहित्य
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मराठी भाषा में लिखी कृतियों का भंडार उपलब्ध है। बांग्ला के साथ मराठी भारतीय-आर्य साहित्य में सबसे पुराना क्षेत्रीय साहित्य है, जिसका क...
अँधेरे बंद कमरे -मोहन राकेश
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अँधेरे बंद कमरे प्रसिद्ध साहित्यकार, उपन्यासकार और नाटककार मोहन राकेश द्वारा रचित उपन्यास है। इसका प्रकाशन 1 जनवरी, 2003 को 'राजकमल प्...
1857 क्रांति कथा - राही मासूम रज़ा
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उर्दू में एक महाकाव्य '1857' जो बाद में हिन्दी में 'क्रांति कथा' नाम से प्रकाशित हुआ। जब खुद को उर्दू का कर्ता-धर्ता मानने...
अंगुत्तरनिकाय - भदंत आनंद कौसल्यायन
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अंगुत्तरनिकाय महत्त्वपूर्ण बौद्ध ग्रंथ है। इसके लेखक भदंत आनंद कौसल्यायन हैं। महाबोधि सभा, कलकत्ता द्वारा इसको वर्तमान समय में प्रकाशित कि...
अंधेर नगरी - भारतेन्दु हरिश्चंद्र
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अंधेर नगरी भारतेन्दु हरिश्चन्द्र कृत व्यंग्यात्मक और रोचक प्रहसन है। इसका नायक 'अन्धेरनगरी' का राजा 'चौपट राजा' है। यह प्र...
अकबरनामा - अबुल फ़ज़ल
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अकबरनामा मुग़ल बादशाह अकबर के दरबारी विद्वान अबुल फ़ज़ल द्वारा लिखा गया इतिहास प्रसिद्ध ग्रंथ है। 'अकबरनामा' का शाब्दिक अर्थ है- ...
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