शब्द
शब्द आओ मेरे पास,जो बुलायें, जाओ उनके पास भी
Wednesday, 26 June 2013
भारतीय पाठकों की पसंदीदा 10 पुस्तकें
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स्मृति आदित्य चाहे दुनिया की तस्वीर कितनी ही बदल जाए लेकिन किताबों के लिए पाठकों की दीवानगी हमेशा से थी और हमेशा रहेगी। वर्ष 2012 मे...
किताबों में किताबें
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हर्षलसिंह राठौड़ 23 अप्रैल 1564 को एक ऐसे लेखक ने दुनिया को अलविदा कहा था, जिनकी कृतियों का विश्व की समस्त भाषाओं में अनुवाद हुआ। यह ...
जिस तरह सूखे हुए फूल किताबों में मिले
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पाकिस्तान के अजीम और नफासत से भरे शायर अहमद फराज की एक गजल है। मुखड़ा यूं है कि ‘अब के बिछड़े हम शायद ख्वाबों में मिले, जिस तरह सूखे हुए ...
इन किताबों से चीजों को देखने का नजरिया बदला
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शिक्षा अकेली ऐसी चीज है, जो किसी की प्रकृति को बदल सकती है। चाहे फिर वो किताबों से मिले या किसी की निजी जिंदगी से। विचारों की उड़ान में ...
किताबों से प्यार कीजिए
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स्मृति जोशी अगर आप पुस्तकप्रेमी हैं तो जाहिर सी बात है उन्हें रखने के लिए एक अदद अलमारी भी होगी। अगर आपकी पुस्तकों की अलमारी अस्त-व्यस्त...
Tuesday, 25 June 2013
पैंतीस प्रतिशत बुक लवर्स लैपटॉप पर
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गूगल ने इलेक्ट्रॉनिक बुक स्टोर की दुनिया में कदम रखते हुए अमेजन को जोरदार टक्कर दी है। गूगल पर पढ़ी जा सकने वाली मुफ्त किताबों के कारण भी...
नई कल्पनाओं की मां होती हैं किताबें
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पुस्तक प्रेमी अक्सर इस बात की चर्चा करते है कि किस प्रकार कोई किताब उनके जीवन में परिवर्तन लाने वाली सिद्ध हो जाती है। किताबें पाठकों के ...
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